सीकर न्यूज़, Sikar News in Hindi, Sikar Local News

‘रंगबाज फिर से’ बनाने वालों को आनंदपाल की बेटी योगिता ने दी चेतावनी, बोली-अपनी भाषा में देंगे जवाब

राजस्थान के गैंगस्टर आनंदपाल सिंह के जीवन पर आधारित वेब सीरीज ‘रंगबाज फिर से’ को लेकर उनकी बेटी ने आपत्ति जताई है। वेब सीरीज रंगबाज फिर से का ट्रेलर जारी हो चुका है। यह इसी साल 20 दिसम्बर को रिलीज होगी। आनंदपाल सिंह की बेटी योगिता चौहान ने अपने फेसबुक पेज पर पोस्ट करके लिखा है कि वेब सीरीज रंगबाज फिर से बनाने वालों ने उनके परिवार से अनुमति नहीं ली। वे उनके पिता का नाम ​इस्तेमाल कर उनके चाहने वालों की भावनाओं से खिलवाड़ कर रहे हैं। वेब सीरीज का न केवल विरोध किया जाएगा बल्कि इसे बनाने वालों को अपनी भाषा में जवाब भी देंगे। साथ ही योगिता सिंह ने आनंदपाल के समर्थकों से वेब सीरीज के विरोध में आगामी कदम उठाने के लिए सुझाव भी मांगे हैं।

वन इंडिया डॉट कॉम यह फेसबुक पेज आनंदपाल सिंह की बेटी का होने या नहीं होने की पुष्टि नहीं करता है। ना ही यह दावा कर रहा कि रंगबाज फिर से के खिलाफ फेसबुक पर पोस्ट योगिता सिंह ने ही की है।

आनंदपाल पर बनी वेब सीरीज ‘रंगबाज फिर से’, कहानी में कई मर्डर और पॉलिटिकल कनेक्शन भी आएगा नजर

आनंदपाल सिंह की बेटी की एफबी पोस्ट

अभी अभी जानकारी में आया है की zee5 entertainment मेरे पापा के जीवन पर आधारित एक web series बना रहा है। वह रंगबाज़ के नाम से जारी होने वाली है। मैं आप सभी को यही अवगत करा देना चाहती हूँ कि किसी भी प्रकार की अनुमति (NOC) परिवार ने नहीं दी है। यह सिर्फ़ आनंदपाल सिंह के नाम से प्रचार करके आनंदपाल सिंह के चाहने वालों की भावनाओं से खिलवाड़ कर रहे हैं, जो लालची लोग पापा का नाम लेकर इस series का प्रचार कर रहे हैं। ऐसे लालची लोगों को सत्यता और प्रमाणिकता से कोई वास्ता भी नही है। मैं आप सभी पापा के चाहने वालों को निवेदन करती हूं। इस series rangbaaz का पुरज़ोर विरोध करें। हमें अब इनको अपनी भाषा में जवाब देना होगा। आगे जो भी क़दम उठाए। उसके लिए आप सभी के सुझाव आमंत्रित हैं।

रंगबाज फिर से कुछ डॉयलोग

-रंगबाज तो खत्म हो सकता है पर शरीर में खून से भी तेज दौड़ने वाली रंगबाजी नहीं।

-पूरे राजस्थान में दबदबा है उसके नाम का। अमरपाल सिंह सरकार बनवा भी सकता है और गिरा भी सकता है।

-इस खेल में तीन खिलाड़ी हैं अमरपाल सिंह, राजा फोगावट और हम मतलब पुलिस।

-पेड़ की डाल काफी बड़ी हो जाती है ना तो तूफान आने से पहले उसे काट देना चाहिए। वरना बड़ी तबाही हो सकती है।

Yogita Singh

16 hours ago

अभी अभी जानकारी में आया है की zee5 entertainment मेरे पापा के जीवन पर आधारित एक web series बना रहा है जिसका नाम रंगबाज़ के नाम से जारी होने वाली है। मैं आप सभी को यही अवगत करा देना चाहतीं हूँ कि किसी भी प्रकार की अनुमति (NOC) परिवार ने नही दी है । यह सिर्फ़ आनंदपाल सिंह के नाम से प्रचार करके आनंदपाल सिंह के चाहने वालों की भावनाओ से खिलवाड़ कर रहे है जो लालची लोग पापा का नाम लेकर इस series का प्रचार कर रहे है ।ऐसे ललची लोगों को सत्यता और प्रमाणिकता से कोई वास्ता भी नही है मैं आप सभी पापा के चाहने वालों को निवेदन करती हुँ इस series rangbaaz२ का पुरे ज़ोर से विरोध करे । हमें अब इनको अपनी भाषा में जवाब देना होगा। आगे जो भी क़दम उठाए उसके लिए आप सभी के सुझाव आमन्त्रित है।कौन था आनंदपाल सिंह

राजस्थान में आनंदपाल सिंह का नाम आतंक का पर्याय था। 31 मई 1975 को राजस्थान के नागौर जिले के लाड़नूं उपखंड के गांव सांवराद में निर्मल कंवर और हुकुम सिंह चौहान के घर जन्मे आनंदपाल सिंह की शादी 1992 में राज कंवर के साथ हुई। इनके बेटी योगिता कंवर चौहान व चरणजीत कंवर चौहान है।

आनंदपाल राजनीति में कॅरियर बनाना चाहता था, मगर अपराध की राह पकड़ ली। हत्या, लूट, डकैती जैसी कई संगीन वारदातों को अंजाम देने के चलते जेल चला गया। अजमेर की हाई सिक्यूरिटी जेल से नागौर कोर्ट में पेशी पर लाए जाने के दौरान 3 सितंबर 2015 को चालानी गार्ड को नशीली मिठाई खिलाकर फरार हो गया था।

आनंदपाल सिंह का एनकाउंटर

पौने दो साल तक राजस्थान पुलिस आनंदपाल को पकड़ नहीं सकी। फरारी के दौरान आनंदपाल से पुलिस का सामना हुआ तो वह एके45 से फायर करके भाग गया। 2017 में राजस्थान पुलिस को इत्तला मिली कि आनंदपाल सिंह चूरू जिले के रतनगढ़ उपखंड के गांव मालासार में श्रवण सिंह के घर छुपा हुआ है। राजस्थान पुलिस की स्पेशल टीम ने 24 जून 2017 की आधी रात को श्रवण सिंह के घर पर कार्रवाई करके आंनदपाल सिंह को एनकाउंटर में मार गिराया था।