Government buses still jammed for 6th day in Punjab, contract workers’ strike continues; Meeting with CM on Tuesday, announcement of highway jam if solution is not found | कॉन्ट्रैक्ट कर्मचारियों की हड़ताल जारी; मंगलवार को CM से बैठक, हल न निकला तो हाइवे जाम का ऐलान


  • Hindi News
  • Local
  • Punjab
  • Jalandhar
  • Government Buses Still Jammed For 6th Day In Punjab, Contract Workers’ Strike Continues; Meeting With CM On Tuesday, Announcement Of Highway Jam If Solution Is Not Found

जालंधर43 मिनट पहले

  • कॉपी लिंक
सरकारी बसें बंद होने से जालंधर के बस स्टैंड पर पसरा सन्नाटा। - Dainik Bhaskar

सरकारी बसें बंद होने से जालंधर के बस स्टैंड पर पसरा सन्नाटा।

पंजाब में कॉन्ट्रैक्ट कर्मचारियों की हडताल की वजह से 6वें दिन भी सरकारी बसों का चक्काजाम है। हालांकि बस स्टैंड खुला रहेगा। जिन सवारियों को प्राइवेट बसों से कहीं जाना है, वो बस स्टैंड से सवार हो सकते हैं। कॉन्ट्रैक्ट कर्मचारी अपने डिपु के बाहर प्रदर्शन करेंगे। सबसे अहम बात यह है कि कॉन्ट्रैक्ट कर्मचारियों की मंगलवार को CM कैप्टन अमरिंदर सिंह से चंडीगढ़ में बैठक है। उस दिन हल निकला तो ठीक है अन्यथा कर्मचारियों ने हाइवे जाम करने की चेतावनी दे दी है।

ऐसे में अगर सरकार ने फिर देरी की तो सरकारी बसें बंद होने से पहले ही परेशान आम लोगों की मुश्किलें और बढ़ सकती हैं। पहले भी गन्ना किसानों के मामले में सरकार ने रेट बढ़ाने में करीब 5 दिन लगा दिए और इसकी वजह से सड़क व रेल यात्रियों को भारी परेशानी झेलनी पड़ी थी।

पंजाब रोडवेज, पनबस कॉन्ट्रैक्ट कर्मचारी यूनियन के जिला प्रधान गुरप्रीत सिंह ने कहा कि इस बार वह सरकार के झांसे में नहीं आएंगे। जब तक मामला हल नहीं होता, सरकारी बसों का चक्का जाम रहेगा। सरकार पुख्ता हल निकाले तो ही वो काम पर लौटेंगे। यूनियन कहां व कौन सा हाइवे जाम करेगी? इसको लेकर मंगलवार को सरकार से बैठक के बाद ऐलान किया जाएगा। लोगों की परेशानी पर माफी मांगते हुए उन्होंने कहा कि सब सरकार के हाथ में है। वो तुरंत हल निकालकर बसें चलवा सकती है।

पढ़िए .. अब तक क्या-क्या हुआ

  • 6 सितंबर को पंजाब रोडवेज, पनबस व पीआरटीसी कान्ट्रैक्ट कर्मचारियों ने बेमियादी हड़ताल की घोषणा करते हुए चक्काजाम कर दिया। इसी दिन सिसवां फार्म हाउस में CM के घेराव का ऐलान किया।
  • 7 सितंबर को सरकार ने हड़ताली कर्मचारियों को बातचीत के लिए चंडीगढ़ बुलाया। इसलिए सिसवां फार्म हाउस में CM का घेराव टाल दिया गया।
  • 8 सितंबर को चंडीगढ़ में CM के चीफ प्रिंसिपल सेक्रेटरी सुरेश कुमार के साथ हड़ताली कर्मचारियों की बैठक हुई लेकिन यह बेनतीजा रही। यूनियन के आगे हड़ताल खत्म कर CM से मुलाकात की शर्त रखी गई, जिसके लिए कर्मचारी राजी नहीं हुए।
  • 9 सितंबर को पूरे पंजाब में 4 घंटे के लिए बस स्टैंड बंद रखे गए। इसके बाद सिसवां फार्म हाउस के घेराव का ऐलान किया गया। इसी बीच सरकार ने भी हड़ताली कर्मचारियों को नोटिस भेजे कि उन्हें हड़ताल का अधिकार नहीं। काम पर लौटे वर्ना कांट्रैक्ट खत्म कर देंगे।
  • 10 सितंबर को कर्मचारी ने सिसवां फार्म हाउस में CM का घेराव किया। जिसके बाद अफसर पीछे हटे व यूनियन को 14 सितंबर यानी मंगलवार को मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह से बैठक का न्यौता दे दिया।

सरकार व कर्मचारियों में बने टकराव के आसार

सरकारी बसों का चक्काजाम होने से कैप्टन सरकार की खूब किरकिरी हो रही है। पंजाब विधानसभा चुनाव में 5 महीने रह गए हैं, ऐसे में सरकार की महिलाओं को मुफ्त बस सफर की सुविधा नहीं मिल पा रही। वहीं, प्राइवेट ट्रांसपोर्ट माफिया को लेकर सरकार पर आरोप भी बढ़ते जा रहे हैं। इसे देखते हुए सरकार ने हड़ताली कर्मचारियों व काम पर लौटने के नोटिस भेजे हैं। बसें न चलाने पर उनका कॉन्ट्रैक्ट रद्द करने की चेतावनी दी गई है। वहीं, यूनियन भी अपने रवैये पर अडिग है कि बार-बार के झूठे भरोसे के बजाय वो इस बार अंतिम फैसला लेकर ही रहेंगे। हालांकि इन नोटिस व कर्मचारियों के वेतन का क्या होगा? इसके बारे में अभी कुछ स्पष्ट नहीं है।

8 हजार कर्मचारी हड़ताल पर, 2 हजार बसों के पहिए थमे

पंजाब रोडवेज, पनबस कॉन्ट्रैक्ट वर्कर यूनियन के बैनर तले पंजाब में करीब 8 हजार कर्मचारी 6 दिन से हड़ताल पर हैं। जिसकी वजह से पंजाब के करीब 28 डिपो में 2 हजार बसों के पहिए थमे हुए हैं। सरकारी बसें बंद होने से एक तरफ सवारियों को परेशानी उठानी पड़ रही है। वहीं, महिलाओं को भी पंजाब सरकार की मुफ्त बस स्कीम का लाभ नहीं मिल रहा।

खबरें और भी हैं…



Source link

Please follow and like us:

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

RSS
Follow by Email